असम में पीएम मोदी का बड़ा बयान: कांग्रेस की ‘हार की सेंचुरी’ का दावा
असम में पीएम मोदी का बड़ा बयान: कांग्रेस की ‘हार की सेंचुरी’ का दावा

असम में पीएम मोदी का बड़ा बयान: कांग्रेस की ‘हार की सेंचुरी’ का दावा
असम के बरपेटा में चुनावी सभा के दौरान नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इस चुनाव में कांग्रेस की हार का रिकॉर्ड बनने वाला है। पीएम मोदी ने दावा किया कि असम की जनता इस बार दो बड़े फैसले करने जा रही है—एक, राज्य में बीजेपी-एनडीए की लगातार तीसरी जीत तय है और दूसरा, कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व की हार का आंकड़ा भी यहीं से बढ़ेगा। उन्होंने इस मौके पर पार्टी के स्थापना दिवस की बधाई देते हुए कहा कि बीजेपी के कार्यकर्ता “नेशन फर्स्ट” के सिद्धांत के साथ देश सेवा में लगे हुए हैं।
पीएम मोदी ने अपने भाषण में यह भी कहा कि बीजेपी और कांग्रेस की राजनीति में बड़ा फर्क है। उनके मुताबिक, बीजेपी सरकार अपने काम का हिसाब जनता को देती है, जबकि कांग्रेस कभी अपना रिपोर्ट कार्ड लेकर लोगों के बीच नहीं जाती। उन्होंने कहा कि बीजेपी की नीतियां साफ नीयत और पारदर्शिता पर आधारित हैं, और यही वजह है कि जनता का भरोसा लगातार बढ़ रहा है।
असम के विकास को लेकर उन्होंने कहा कि इस बार का चुनाव राज्य के भविष्य के लिए बेहद अहम है। उन्होंने लोगों से अपील की कि उनका वोट विकसित असम की नींव को और मजबूत करेगा। पीएम मोदी ने कहा कि पिछले कुछ सालों में राज्य ने डर और अस्थिरता से बाहर निकलकर नई दिशा पकड़ी है। अब अगला लक्ष्य असम को आत्मनिर्भर बनाना और उसे वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाना है।
कांग्रेस पर हमला जारी रखते हुए पीएम मोदी ने कहा कि इस पार्टी के पास कभी लंबी सोच नहीं रही। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस हमेशा छोटे फायदे और भ्रष्टाचार की राजनीति में उलझी रही। इसके उलट बीजेपी दीर्घकालिक विकास और “विकसित भारत” के विजन पर काम कर रही है, जिसमें असम की भूमिका भी अहम है।
किसानों के मुद्दे पर भी पीएम मोदी ने कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि 2014 से पहले किसानों को जितना समर्थन मिला, उससे कई गुना ज्यादा मदद उनकी सरकार ने दी है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पहले काफी कम था, लेकिन अब इसमें बड़ा इजाफा हुआ है। उन्होंने दावा किया कि बीजेपी सरकार किसानों के हित में लगातार काम कर रही है और आगे भी करती रहेगी।
महिला सशक्तिकरण पर बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि देश के विकास में महिलाओं की भागीदारी बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि सरकार ने महिलाओं के लिए 33% आरक्षण का कानून पास किया है, जिसका इंतजार लंबे समय से किया जा रहा था। उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था को जल्द लागू करने के लिए संसद में विशेष सत्र बुलाया गया है और सभी राजनीतिक दलों से सहयोग की अपील की गई है, ताकि देश की बेटियों को उनका हक मिल सके।





