“No Kings” आंदोलन का बड़ा प्रदर्शन
ट्रंप के खिलाफ लाखों लोग सड़कों पर

वॉशिंगटन डीसी / न्यूयॉर्क अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नीतियों और ईरान युद्ध के खिलाफ शनिवार 28 मार्च को पूरे अमेरिका में तीसरे दौर का बड़ा “No Kings” विरोध प्रदर्शन हुआ जहां बड़ी संख्या में लोग जुटे और कई हस्तियां शामिल हुईं। यह अमेरिकी इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा एक दिन का शांतिपूर्ण विरोध माना जा रहा है।
बता दे कि अमेरिका इस वक्त दो मोर्चों पर जूझ रहा है एक तरफ पश्चिम एशिया में ईरान के खिलाफ जंग जारी है जिसमें हजारों लोग मारे जा चुके हैं, दूसरी तरफ देश के भीतर डोनाल्ड ट्रम्प की नीतियों के खिलाफ जनता का गुस्सा भी फूट पड़ा है
आंदोलन का मुख्य उद्देश्य
आंदोलन का मुख्य उद्देश्य यह संदेश देना था कि अमेरिका एक लोकतांत्रिक देश है, जहां किसी भी नेता को “राजा” जैसी शक्तियां नहीं मिलनी चाहिए। कई शहरों में रैलियां, मार्च और सभाएं आयोजित की गईं, जहां नागरिकों ने संविधान, स्वतंत्रता और अधिकारों की रक्षा की मांग उठाई। हालांकि अधिकांश प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे, लेकिन कुछ स्थानों पर हल्की झड़पों और पुलिस की मौजूदगी भी देखी गई। प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
कितना बड़ा था यह प्रदर्शन?
यह “नो किंग्स” आंदोलन की तीसरी बड़ी रैली थी। आयोजकों के मुताबिक जून में 50 लाख और अक्टूबर में 70 लाख लोग सड़कों पर उतरे थे। इस बार 90 लाख लोगों के शामिल होने का अनुमान जताया गया था।





