गौतम अडानी बने एशिया के सबसे अमीर, मुकेश अंबानी को पीछे छोड़ा
गौतम अडानी बने एशिया के सबसे अमीर, मुकेश अंबानी को पीछे छोड़ा

गौतम अडानी ने एक बार फिर अपनी कारोबारी ताकत का लोहा मनवाते हुए एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति का स्थान हासिल कर लिया है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक उन्होंने मुकेश अंबानी को पीछे छोड़ दिया है। उनकी कुल संपत्ति अब 92.6 अरब डॉलर तक पहुंच गई है। वहीं अंबानी 90.8 अरब डॉलर के साथ दूसरे स्थान पर आ गए हैं। इस बदलाव ने एशिया के कारोबारी जगत में हलचल पैदा कर दी है। निवेशकों की नजरें अब अडानी ग्रुप के प्रदर्शन पर टिकी हुई हैं। यह उपलब्धि उनके लगातार बढ़ते कारोबारी विस्तार को दर्शाती है।
गुरुवार का दिन शेयर बाजार के लिहाज से मिला-जुला रहा। सेंसेक्स में 123 अंकों की गिरावट दर्ज की गई, जिससे बाजार थोड़ा दबाव में नजर आया। इसके बावजूद Adani Group के शेयरों में जोरदार तेजी देखने को मिली। इस उछाल का सीधा फायदा गौतम अडानी की नेटवर्थ को हुआ। उनकी संपत्ति में एक ही दिन में 3.56 अरब डॉलर की बढ़ोतरी हुई। यह तेजी बाजार की सामान्य दिशा से अलग थी। इसने निवेशकों को चौंकाया भी और आकर्षित भी किया। इससे यह साफ होता है कि ग्रुप की कंपनियां मजबूत प्रदर्शन कर रही हैं।
दूसरी तरफ Reliance Industries के शेयरों में खास बदलाव नहीं दिखा। इसका असर सीधे तौर पर मुकेश अंबानी की संपत्ति पर पड़ा। उनकी नेटवर्थ में सिर्फ 76.7 मिलियन डॉलर का ही इजाफा हो सका। यह बढ़ोतरी अडानी की तुलना में बेहद कम रही। बाजार में इस अंतर ने दोनों उद्योगपतियों की मौजूदा स्थिति को स्पष्ट कर दिया। एक तरफ तेजी से बढ़ती संपत्ति है, तो दूसरी ओर स्थिरता नजर आती है। यह अंतर निवेशकों के लिए भी एक संकेत बन गया है।
वैश्विक स्तर पर भी अडानी की स्थिति मजबूत हुई है। अब वे दुनिया के 19वें सबसे अमीर व्यक्ति बन चुके हैं। इस साल उनकी संपत्ति में 8.10 अरब डॉलर की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वहीं मुकेश अंबानी के लिए यह साल कुछ कठिन साबित हुआ है। उनकी नेटवर्थ में 16.9 अरब डॉलर की गिरावट आई है। इसी कारण वे अब 20वें स्थान पर पहुंच गए हैं। यह बदलाव वैश्विक रैंकिंग में बड़ा संकेत माना जा रहा है। इससे दोनों दिग्गजों की आर्थिक स्थिति का अंतर साफ दिखाई देता है।
दुनिया के अन्य बड़े अरबपतियों के लिए भी यह साल आसान नहीं रहा है। बर्नार्ड अर्नॉल्ट को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा है, उनकी संपत्ति में 44 अरब डॉलर की गिरावट आई है। इसके अलावा वॉरेन बफे, बिल गेट्स और लैरी एलिसन जैसे दिग्गजों की दौलत भी 2026 में घटी है। यह दर्शाता है कि वैश्विक बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है। बड़े निवेशक भी इसके असर से अछूते नहीं हैं। आने वाले समय में बाजार की दिशा पर सभी की नजरें बनी रहेंगी।





