Gold Silver Price: चांदी ने मारी ₹4500 की छलांग, सोना भी ₹2000 उछला; जानें आज के ताजा रेट
Gold Silver Price: चांदी ने मारी ₹4500 की छलांग, सोना भी ₹2000 उछला; जानें आज के ताजा रेट

Gold Silver Price: चांदी ने मारी ₹4500 की छलांग, सोना भी ₹2000 उछला; जानें आज के ताजा रेट
कीमती धातुओं के बाजार में एक बार फिर जोरदार तेजी देखने को मिली है, जिससे निवेशकों और खरीदारों दोनों की दिलचस्पी बढ़ गई है। 22 अप्रैल को घरेलू बाजार में सोना और चांदी की कीमतों ने अचानक बड़ी छलांग लगाई। इस तेजी ने आने वाले दिनों में बाजार की दिशा को लेकर चर्चाओं को और तेज कर दिया है। निवेशक अब कीमतों के अगले रुख पर नजर बनाए हुए हैं। इस उछाल ने बाजार में हलचल बढ़ा दी है। खासकर शादी और निवेश के सीजन में इसका असर साफ दिख सकता है। कीमतों में इस तेजी ने आम लोगों की चिंता भी बढ़ा दी है।
Multi Commodity Exchange of India (MCX) पर सोने की कीमत ₹2,000 से अधिक बढ़कर करीब ₹1,53,699 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गई। वहीं चांदी की कीमतों में भी जबरदस्त उछाल देखने को मिला और यह करीब ₹4,700 की बढ़त के साथ ₹2,49,423 प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गई। हाल के दिनों में यह तेजी सबसे बड़ी मानी जा रही है। इस बढ़त ने ट्रेडर्स को भी चौंका दिया है। बाजार में खरीदारी का रुझान बढ़ता नजर आ रहा है। निवेशक इसे सुरक्षित निवेश के रूप में देख रहे हैं। कीमतों में यह उछाल लगातार ध्यान खींच रहा है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर भी इस तेजी के पीछे एक बड़ा कारण माना जा रहा है। वैश्विक स्तर पर सोने की कीमतों में मजबूती देखी गई है, जहां स्पॉट गोल्ड करीब 0.8% बढ़कर 4,755 डॉलर प्रति औंस के पार पहुंच गया। इससे घरेलू बाजार को भी सपोर्ट मिला है। वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं ने निवेशकों को सोने की ओर आकर्षित किया है। विदेशी बाजार के संकेतों का सीधा असर भारत में देखने को मिल रहा है। निवेशक सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं। इससे सोने-चांदी की मांग में तेजी आई है। अंतरराष्ट्रीय हालात फिलहाल बाजार को दिशा दे रहे हैं।
कीमतों में इस उछाल के पीछे कई कारण हैं, जिनमें वैश्विक तनाव प्रमुख है। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ता तनाव निवेशकों को सुरक्षित निवेश की ओर धकेल रहा है। कच्चे तेल की कीमतें भी ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं, जिससे महंगाई का दबाव बढ़ रहा है। इसके अलावा अमेरिकी डॉलर में कमजोरी ने भी सोने को आकर्षक बना दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक ये वैश्विक परिस्थितियां बनी रहेंगी, तब तक कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है। बाजार की दिशा पर नजर रखना बेहद जरूरी हो गया है।




