सचिव को हटाने की शिकायत लेकर पहुंचे ग्रामीणों के साथ जनपद सीईओ ने किया दुर्व्यवहार,20 मिनट तक चली तीखी नोकझोंक…!
ग्रामीणों ने सचिव और CEO के साथ कमीशन खोरी का लगाया आरोप ।

भानुप्रतापपुर / खिलेश्वर नेताम :- एक तरफ सुशासन तिहार के रील बाजी जमकर चल रहा है तो दूसरे तरफ पंचायत सचिव से लेकर जनपद पंचायत अधिकारी तक जमकर कमिशन खोरी चल रहा है,जिसका ताजा मामला भानुप्रतापपुर जनपद पंचायत क्षेत्र के ग्राम पंचायत बैजनपुरी की है जहां ग्रामीणों ने पंचायत सचिव अश्वनी ध्रुव को हटाने की मांग को लेकर जनपद पंचायत कार्यालय पहुंचे थे। ग्रामीणों का आरोप है कि सचिव पिछले 15 वर्षों से एक ही जगह पदस्थ हैं और काम में घोर लापरवाही के साथ ग्रामीणों से दुर्व्यवहार करती हैं आज बैजनपुरी में विशेष ग्राम सभा आयोजन किया गया था जिसमें ग्राम प्रमुखों के साथ युवा संगठन भी सभी में सम्मिलित हुए जिसमें ग्रामीणों के साथ युवाओं ने पिछले तीन बार के हुए ग्राम सभा की कार्यवाही और आवेदनों की वर्तमान वस्तुस्थिति की जवाब मांगा पर हर बार की तरह इस बार भी कोई जवाब नहीं मिलने से ग्रामीणों ने सचिव अश्वनी ध्रुव के खिलाफ नाराजगी जताई ग्रामीणों की माने तो यह पहला मौका नहीं है जब सचिव की लापरवाही देखने को मिला है इससे पहले भी इसी तरह की अड़ियल रैवए से ग्रामीण परेशान थे पर जनपद पंचायत के अधिकारियों की मेहरबानी से एक ही जगह पर 15 सालों से टिकी रही और मनमानी बेखौफ चलता रहा ।

जब ग्रामीण शिकायत लेकर पहुंचे, तो जनपद पंचायत सीईओ जी. एल. चुरेन्द्र ने ग्रामीणों की बात सुनने के बजाय उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और सचिव का बचाव करने लगे। इस बात पर ग्रामीण भड़क गए और कार्यालय के भीतर ही लगभग 20 मिनट तक दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक हुई ।
क्षेत्र में जनपद सीईओ के दुर्व्यवहार की शिकायतें आम हैं। पिछले दिनों कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम के दौरे के दौरान भी सीईओ की शिकायत की गई थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। स्थिति यह है कि क्षेत्र के सरपंच और सचिव भी सीईओ के रवैये से त्रस्त हैं। सूत्रों के अनुसार, निर्माण कार्यों के एवज में मोटी कमीशन की मांग की जाती है, जिसके कारण क्षेत्र के विकास कार्य पूरी तरह से ठप पड़े हैं।





