माइंस प्रभावित क्षेत्र में बिना पूर्व सूचना के ब्लास्टिंग से दहशत,घरों में पड़ी दरारें, ग्रामीणों को कराया गया सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट ।
ग्रामीणों ने खदान संचालक पर लगाया लापरवाही का आरोप

भानुप्रतापपुर/ खिलेश्वर नेताम :- कांकेर जिला के ग्राम कच्चे में गोदावरी पॉवर एंड इस्पात लिमिटेड (हीरा ग्रुप) द्वारा संचालित खदान क्षेत्र में बिना पूर्व सूचना के की गई ब्लास्टिंग ने आसपास में रहने वाले ग्रामीणों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। अचानक हुए तेज ब्लास्टिंग से कुछ घरों की दीवारों में दरारें आ गईं, जिससे ग्रामीणों में भय और आक्रोश दोनों देखने को मिला । फिलहाल स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने आनन-फानन में प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट कराया है।
ग्रामीणों ने खदान संचालक पर लगाया लापरवाही का आरोप
ग्रामीणों के अनुसार, खदान संचालक द्वारा निर्धारित नियमों और सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए बिना किसी पूर्व सूचना के विस्फोटक ब्लास्टिंग की गई। धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि आसपास के कई मकानों में कंपन महसूस हुआ और दीवारों में दरारें उभर आईं।घटना के बाद ग्रामीण अपने घरों से बाहर निकल आए और अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
ग्रामीणों का आरोप है कि खदान प्रबंधन की लापरवाही लंबे समय से जारी है। पूर्व में भी कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इस बार की घटना ने लोगों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों ने बताया कि अगर समय रहते उन्हें सुरक्षित स्थान पर नहीं ले जाया जाता, तो कोई बड़ा हादसा भी हो सकता था।
उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि पिछले कई दिनों से बिना किसी सूचना के खदान में ब्लास्टिंग का कार्य किया जा रहा है,लेकिन जब ब्लास्टिंग के कारण दीवारों में दरारें आने लगी तो एक ही दिन के अंदर सूचना देकर दूसरा स्थान पर स्थानांतरण कराया गया,यह खदान संचालक की बड़ी लापरवाही को दर्शाता है। बिना पूर्व सूचना के ब्लास्टिंग से बड़ी घटना होने की संभावना जताई जा रही है।

ग्रामीणों ने की मुआवजा की मांग
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि खदान प्रबंधन की लापरवाही के कारण ही यह स्थिति उत्पन्न हुई है। बिना सूचना ब्लास्टिंग करना सीधे तौर पर सुरक्षा मानकों का उल्लंघन है। उन्होंने प्रशासन से और माइंस संचालक से मांग की है कि नुकसान का तत्काल सर्वे कराया जाए और प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा दिया जाए ।





